मानव तस्करी में लिप्त गिरोह की दो महिलाओं सहित तीन आरोपी गिरफ्तार

मानव तस्करी में लिप्त गिरोह की दो महिलाओं सहित तीन आरोपी गिरफ्तार
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mp03.in जबलपुर संवाददाता 

मानव तस्करी के मामले में जबलपुर पुलिस ने अपह्ताओं को दस्तयाब कर दो महिलाओं समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया हे। जबकि एक आरोपी की तलाश की जा रही है।

जबलपुर पुलिस के अनुसार एसपी  सिद्धार्थ बहुगुणा द्वारा जिले में पदस्थ समस्त राजपत्रित अधिकारियों एवं थाना प्रभारियों को अवयस्क बालक/बालिका एवं गुमशुदाओं की प्राथमिकता के आधार पर तलाश पतासाजी कर दस्तयाबी हेतु आदेशित किया गया है। आदेश के परिपालन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर दक्षिण/अपराध) श्री गोपाल प्रसाद खाण्डेल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर उत्तर/यातायात श्री संजय कुमार अग्रवाल,  अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्री शिवेश सिंह बघेल एवं नगर पुलिस अधीक्षकों के मार्गदर्शन में तलाश पतासाजी कर अवयस्क बालक/बालिका एवं गुमशुदाओं की दस्तयाबी की जा रही है। 28 जनवरी 2021 को ग्वारीघाट निवासी 62 वर्षीय महिला ने रिपोर्ट दर्ज करायी थी कि 22 जनवरी के दोपहर दो बजे उसकी 23 वर्षीय शादीशुदा नातिन घर से कपड़े लेने का कहकर कहीं चली गयी है, जो घर वापस नहीं आयी। सूचना पर गुमशुदगी का प्रकरण दर्ज कर विवेचना में लिया गया।

      विवेचना के दौरान गुमशुदा को दस्तयाब किया गया। पूछताछ में गुमशुदा ने बताया कि 22 जनवरी को उसे भूकंप कालोनी की रहने वाली संतोषी मराठी बहला फुसलाकर पैसों का लालच देकर मजदूरी का काम दिलाने के बहाने से राजस्थान के कोटा के पास बूंदी ले गयी।  जहां जबलपुर का अनिल बर्मन और उसकी पत्नी ज्योति बर्मन के साथ गढा की रहने वाली एक महिला भी मौजूद थी।  अनिल बर्मन, उसकी पत्नी ज्योति बर्मन और संतोषी हम दोनों को बूंदी में सुरेश सिंह ठाकुर उर्फ दादा के पास ले गये, जो औरतों को बिकवाने का काम करता है। मेरा रंग सांवला होने से मुझे नही बेच पाए तो संतोषी के साथ वापस जबलपुर भेज दिया।

      गुमशुदा की रिपोर्ट पर थाना ग्वारीघाट में संतोषी मराठी, अनिल बर्मन और ज्योति बर्मन एवं सुरेश सिंह ठाकुर निवासी बूंदी राजस्थान व अन्य के विरूद्ध अपराध क्रमांक 128/21 धारा 370, 370(क)(2), 511, 34 भादवि का अपराध पंजीबद्ध करते हुये अनिल बर्मन, ज्योति बर्मन तथा संतोषी मराठी को गिरफ्तार कर आरोपी सुरेश सिंह ठाकुर की तलाश पतासाजी की जा रही है।

      इसी प्रकार थाना मदनमहल में 11 मार्च 2021 को गढा़ निवासी 31 वर्षीय महिला ने बताया कि वह  विगत 12 वर्षों से अपने बेटे को लेकर अलग किराये के कमरे में रह रही थी तथा घरों एवं छोटी लाईन स्थित एक भोजनालय में 200 रूपये प्रतिदिन के हिसाब से रोटी बनाने का काम करती थी। होटल में काम करने वाले अनिल बर्मन ने उसे अपनी पत्नि ज्योति बर्मन तथा संतोषी से परिचय कराकर उसे विश्वास में लेकर अच्‍छी तनख्‍वाह का कहकर उनके  साथ राजस्थान चलने को कहा। 20 जनवरी को ज्योति बर्मन एवं संतोषी बैरागी ने उसके बेटे को नानी के यहां रीवा छोडने को बोला, तो उसने अपने बेटे को अपने मायके भेज दिया। उसके बाद ज्योति बर्मन 26 जनवरी को कोटा लेकर गयी। जहां अनिल बर्मन, संतोषी बैरागी और ग्वारीघाट निवासी एक अन्य महिला मिली। कोटा से हम दोनों को बूंदी राजस्थान में सुरेश सिंह के घर ले गये। जहां पर बलशाखा राजस्थान निवासी जमना शंकर उन्हें देखने आया और 2  लाख 80 हजार रूपये में सौदा तय करके सुरेश सिंह ठाकुर ने अपना कमीशन काट कर बाकी पैसा अनिल बर्मन, ज्योति बर्मन तथा संतोषी बैरागी को दे दिया। मेरे मना करने पर उन्‍होंने मुझे  और मेरे बेटे को जान से मारने की धमकी दी। मैं डर के कारण जमना शंकर के घर बलशाखा राजस्थान चली गयी। वहां दिन भर नौकरों की तरह काम कराया जाता था  तथा रात्रि में जमना शंकर के द्वारा लगातार एक महीने तक दुराचार किया जाता रहा। फिर मेनें जमना शंकर को विश्वास में लेकर जबलपुर जाकर अपने बेटे को लाने का कहा। जमना शंकर उसकी बातों को मान गया और उसे ट्रेन की टिकिट करा कर एवं पैसे देकर जबलपुर भेज दिया।

        रिपोर्ट पर थाना मदनमहल अपराध क्र. 105/2021 धारा  342,370,370ए(2),376(2)एन ,114, 109, 120बी, 506 भा.द.वि. का अपराध पंजीबद्ध कर थाना ग्वारीघाट में गिरफ्तार आरोपी अनिल बर्मन, ज्योति बर्मन तथा संतोषी बैरागी (मराठी) की थाना मदनमहल के प्रकरण में गिरफ्तारी शुमार करते हुये फरार आरोपी सुरेश सिंह ठाकुर निवासी बूंदी राजस्थान एवं जमना शंकर निवासी ग्राम बलशाखा राजस्थान की पतासाजी एवं गिरफ्तारी हेतु राजस्थान टीम भेजी जा रही है।

गिरफ्तार आरोपियों द्वारा गरीब एवं आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं को राजस्थान में अधिक मजदूरी पर काम दिलाने का लालच देकर राजस्थान ले जाकर सुरेश सिंह निवासी बूंदी राजस्थान के माध्यम से सौदा कर बेच देते थे तथा मिले रूपयों को सभी आपस में बांट लेते थे।

इनकी सराहनीय भूमिका

आरोपियेां को गिरफ्तार करने में थाना प्रभारी ग्वारीघाट विजय सिंह परस्ते, थाना प्रभारी मदनमहल  नीरज वर्मा, थाना मदनमहल की उप निरीक्षक  मंजूषा धुर्वे, सहायक उप निरीक्षक राजेन्द्र शुक्ला, महिला आरक्षक  शिल्पी सिंह, प्रिया सिंह, राजेश अग्निहोत्री और रूपलाल इडपाचे तथा थाना ग्वारीघाट के उप निरीक्षक  बुद्धन मरावी, सहायक उप निरीक्षक रणजीत सिंह ठाकुर, आरक्षक अजय सिंह, महिला आरक्षक आकृति राजपूत, लवली बागरी, पद्मा ठाकरे, वैशाली रजक और सैनिक राहुल गुप्ता की सराहनीय भूमिका रही।

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