अवनि साई होम के संचालक पर एक और धोखाधड़ी दर्ज

अवनि साई होम के संचालक पर एक और धोखाधड़ी दर्ज
– फरियादी की बेटी से की थी प्लॉट के नाम पर साढ़े चार लाख की ठगी
– अवनि होम्स के संचालक ने 221 लोगों से ठगे थे प्लॉट के नाम पर करोड़ों रुपए

mp03.in संवाददाता भोपाल

अवनि सांई होम्स  बिल्डर के खिलाफ धोखाधड़ी का एक और  प्रकरण दर्ज किया गया है। 2018 में भी धोखाधड़ी का एक मामला  दर्ज हो चुका है। बिल्डर अवनि  सांई होम्स का संचालक फिलहाल जेल में  है। जिस मामले में धोखाधड़ी दर्ज की गई है, वह पुराने मामले के फरियादियों में 25 नंबर पर शामिल हैं, लेकिन न्यायालय ने पुराने मामले की सुनवाई करते हुए अलग से धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज किया गया है।
एमपी नगर थाने के उप निरीक्षक सर्वेश सिंह के अनुसार भोपाल निवासी पीसी तोमर ने अपनी बेटी प्रियंका तोमर के नाम से 2016 में अवनि सांई होम्स बिल्डर के संचालक दुर्गेश शर्मा से 2016 में औबेदुल्लागंज के पास बरखेड़ा गांव में एक प्लॉट खरीदने का सौदा किया था। फरियादी ने बेटी के नाम से साढ़े चार लाख रुपए भी बिल्डर को दे दिए थे।
 तोमर की तरह 221 लोगों ने दुर्गेश शर्मा को प्लॉट के नाम पर पैसे दिए थे। बिल्डर दुर्गेश शर्मा ने भोपाल के ग्रामीण क्षेत्रों से लूेकर रायसेन के औबेदुल्लागंज के आसपास के कई गांवा के किसानों से जमीन खरीदने का अनुबंध कर प्लॉटिंग 2015 से ही कर रहा था। 2016 से 2018 के मध्य उसने सवा दो सौ लोगों से प्लॉट के नाम पर करोड़ों रुपए वसूले और प्लॉटिंग करता चला गया। फरियादियों को प्लॉट बेचने का अनुबंध करता रहा। इसी बीच जमीन मे मालिक किसानों ने जमीन की पूरी कीमत लेने के बाद ही जमीन की रजिस्ट्री कराने को बोल दिया। चूंकि दुर्गेश शर्मा ने किसी भी जमीन मालिक को पूरा पैसा नहीं दिया, इसलिए किसानों ने जमीन की रजिस्ट्री दुर्गेश शर्मा के नाम नहीं कराई और न ही प्लॉट खरीदने वालों को ही रजिस्ट्री कराने को तैयार हुए। ऐसे में प्लॉट खरीदने वालों के नाम प्लॉट की रजिस्ट्री नहीं हो सकी। फरियादियों ने पैसे लौटाने का दबाव बनाया तो दुर्गेश शर्मा तर्क देने लगा कि उसने काफी पैसा किसानों को दे दिया और बाकी बचा पैसा उसने प्लॉटिंग में लगा दिया। इस तरह उसने किसी भी ग्राहक का पैसा वापस नहीं किया और न ही वह प्लॉट दे सका। इसके बाद कोरोनाकाल शुरू हो गया, जिसके कारण और समस्या बढ गई। प्लॉट खरीदने के सारे अनुबंध बिल्डर के मोहिनी परिसर स्थित कार्यालय में हुए थे, इस कारण एमपी नगर पुलिस ने दुर्गेश शर्मा के खिलाफ 2018 में धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज कर सभी 221 फरियादियों की एक ही एफआईआर की थी। उक्त एफआईआर में पीसी तोमर की बेटी फरियादियों की सूची में 25वें नंबर पर हैं। गत दिनों मामले की सुनवाई में न्यायालय ने तोमर को अलग से फरियादी बनाकर धोखाधड़ी का एक और प्रकरण दर्ज करने के आदेश दिए थे। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

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